कोटा विश्वविद्यालय की महिला प्रोफेसर के घर निवर्तमान पार्षद ओम गुंजल ने कथित तौर पर नशे की हालत में पहुँचकर हंगामा किया और धमकी दी — एक पार्षद द्वारा academic premises से जुड़ी महिला को रात में घर पर जाकर डराने का यह alleged मामला कोटा में viral हो गया
दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के अनुसार, कोटा के निवर्तमान पार्षद ओम गुंजल ने कथित तौर पर नशे की हालत में कोटा विश्वविद्यालय की एक महिला प्रोफेसर के घर पहुँचकर हंगामा किया और उन्हें धमकी दी — एक निर्वाचित जनप्रतिनिधि का किसी शिक्षिका के निवास पर इस तरह पहुँचना और रात के वक्त हंगामा करना, यह मामला कोटा में तेज़ी से trending हो गया।
यह घटना उस महिला प्रोफेसर को directly affect करती है जिनके घर पर alleged हंगामा हुआ — एक शिक्षिका जो अपने कार्यस्थल से बाहर, अपने घर में भी सुरक्षित नहीं थी।
दैनिक भास्कर की रिपोर्ट: नशे की हालत में प्रोफेसर के घर पहुँचे, हंगामा और धमकी का आरोप
दैनिक भास्कर ने रिपोर्ट किया कि कोटा के निवर्तमान पार्षद ओम गुंजल ने कथित तौर पर नशे की अवस्था में कोटा विश्वविद्यालय की एक महिला प्रोफेसर के घर पहुँचकर हंगामा किया।
आरोप है कि ओम गुंजल ने प्रोफेसर को धमकी भी दी। घटना का विवरण viral होने के बाद यह मामला चर्चा में आया। ओम गुंजल कोटा नगर निगम के निवर्तमान पार्षद हैं। मामले में police की भूमिका और किसी FIR के दर्ज होने की जानकारी स्रोत सामग्री में confirm नहीं थी।
ओम गुंजल ने इस आरोप पर अभी तक कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। "ओम गुंजल ने इस मामले पर अभी तक कोई जवाब नहीं दिया।"
यह पहली बार नहीं — लेकिन कोटा विश्वविद्यालय से जुड़ा होना इसे अलग बनाता है
यह alleged घटना उस समय हुई जब कोटा में नगर निगम का नया कार्यकाल शुरू हो चुका था और ओम गुंजल निवर्तमान — यानी पद से हटे हुए — पार्षद हैं।
कोटा विश्वविद्यालय — University of Kota — राजस्थान के 6 जिलों में लगभग 175 affiliated colleges के साथ एक प्रमुख state university है। यहाँ के किसी faculty member के घर पर एक पूर्व जनप्रतिनिधि का इस तरह आना और alleged हंगामा करना, यह शिक्षा जगत और local governance दोनों के लिए serious प्रश्न खड़ा करता है।
2025 तक कोटा नगर निगम में विभिन्न political factions के बीच तनाव reported था। 2026 में एक निवर्तमान पार्षद का इस तरह alleged आचरण — यह पूर्व में political accountability और academic safety के बीच के tension को दर्शाता है।
वह महिला प्रोफेसर — जिनके लिए घर भी सुरक्षित नहीं रहा
एक महिला शिक्षक जिन्होंने university में पढ़ाना चुना, वो अपने working hours से बाहर, रात को अपने घर में भी alleged रूप से एक प्रभावशाली व्यक्ति के unannounced आगमन और हंगामे का सामना करने पर मजबूर हुईं।
किसी elected representative का नशे की कथित अवस्था में किसी महिला के घर जाकर हंगामा करना और धमकी देना — यह न केवल उस महिला की व्यक्तिगत सुरक्षा का मामला है, बल्कि यह सवाल भी उठाता है कि कोटा की academic community में professors, विशेषकर महिलाएँ, अपने घर पर भी निर्भय महसूस कर सकती हैं या नहीं।
क्या करना चाहिए — प्रोफेसर, विश्वविद्यालय और कोटा police के लिए
अगर कोटा विश्वविद्यालय की किसी faculty member के साथ ऐसी घटना हुई है तो:
- विश्वविद्यालय प्रशासन — uok.ac.in — को Internal Complaints Committee के ज़रिए formal complaint दर्ज करनी चाहिए
- संबंधित police station में धमकी और हंगामे के आरोप में IPC sections के तहत FIR दर्ज होनी चाहिए
- पीड़ित प्रोफेसर Rajasthan State Commission for Women — 0141-2779001 — से भी संपर्क कर सकती हैं
- कोटा नगर निगम के competent authority को निवर्तमान पार्षद के alleged आचरण की जाँच करनी चाहिए
कोटा police की इस मामले में अभी तक की कार्रवाई के बारे में स्रोत सामग्री में confirmed जानकारी उपलब्ध नहीं थी। इस लेख के स्रोत सामग्री में कोई स्वतंत्र विशेषज्ञ टिप्पणी उपलब्ध नहीं थी।
कोटा विश्वविद्यालय — ओम गुंजल प्रकरण — सभी confirmed तथ्य
| जानकारी | विवरण |
|---|---|
| आरोपी का नाम (alleged) | ओम गुंजल |
| पद | निवर्तमान पार्षद, कोटा नगर निगम |
| पीड़िता | कोटा विश्वविद्यालय की महिला प्रोफेसर (नाम source में नहीं) |
| alleged आरोप | नशे की हालत में घर पहुँचना, हंगामा, धमकी |
| स्रोत | दैनिक भास्कर |
| FIR status | स्रोत में confirmed नहीं |
| ओम गुंजल का जवाब | अभी तक नहीं |
| कोटा विश्वविद्यालय | uok.ac.in — 175+ affiliated colleges, 6 districts |
| Rajasthan Women Commission | 0141-2779001 |
| University Complaint Portal | uok.ac.in |
अगले steps — police कार्रवाई और विश्वविद्यालय की जिम्मेदारी
इस alleged मामले में अगला कदम कोटा police के हाथ में है। अगर पीड़ित प्रोफेसर ने या किसी ने FIR दर्ज की है, तो Magistrate के सामने पेशी और bail या custody का सवाल तय होगा।
कोटा विश्वविद्यालय प्रशासन का भी यह दायित्व है कि अपने faculty members की safety और dignity सुनिश्चित करे — campus के बाहर भी। University statute और UGC guidelines के तहत Grievance Redressal system activate होना चाहिए।
जो पार्षद निवर्तमान हैं, उनके खिलाफ अगर FIR दर्ज होती है तो Rajasthan नगर निगम नियमों के तहत उनकी political future की भी जाँच होगी। Kota police इस मामले में अपनी confirmed कार्रवाई की जानकारी uok.ac.in पर नहीं बल्कि थाने के notice board और press briefing में देगी — जो अभी स्रोत में उपलब्ध नहीं था।
कोटा विश्वविद्यालय — ओम गुंजल केस — 5 ज़रूरी सवाल
ओम गुंजल कौन हैं और यह मामला क्या है?
ओम गुंजल कोटा नगर निगम के निवर्तमान पार्षद हैं। दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने कथित तौर पर नशे की हालत में कोटा विश्वविद्यालय की एक महिला प्रोफेसर के घर पहुँचकर हंगामा किया और उन्हें धमकी दी।
क्या कोटा police ने ओम गुंजल के खिलाफ FIR दर्ज की?
इस लेख की स्रोत सामग्री में FIR दर्ज होने की confirmed जानकारी उपलब्ध नहीं थी। Kota police की official response अभी तक confirm नहीं हुई है।
पीड़ित प्रोफेसर क्या कर सकती हैं?
पीड़ित प्रोफेसर कोटा के नजदीकी police station में IPC sections के तहत complaint दर्ज करा सकती हैं। Rajasthan State Commission for Women को 0141-2779001 पर contact करें। University की Internal Complaints Committee को uok.ac.in के ज़रिए complaint भेजें।
ओम गुंजल ने इन आरोपों पर क्या कहा?
स्रोत सामग्री के अनुसार, ओम गुंजल ने इस मामले पर अभी तक कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।
कोटा विश्वविद्यालय प्रशासन ने क्या कदम उठाए?
इस लेख की स्रोत सामग्री में कोटा विश्वविद्यालय प्रशासन की किसी confirmed प्रतिक्रिया या कार्रवाई का उल्लेख नहीं था।